ALL क्राइम न्यूज स्वास्थ्य घरेलू नुस्खे उत्तर प्रदेश अध्यात्म कोरोना वायरस देश बलिया समाचार दुष्कर्म मनोरंजन
इलेक्ट्रिक लोको शेड गोरखपुर में इलेक्ट्रिक इंजन के अनुरक्षण का कार्य प्रारम्भ
August 28, 2020 • परिवर्तन चक्र


गोरखपुर  27 अगस्त 2020: सुरक्षित रेल परिवहन पूर्वोत्तर रेलवे की सर्वोच्च प्राथमिकता है। रेल खंडों के बड़े पैमाने पर हो रहे विद्युतीकरण के परिप्रेक्ष्य में विद्युत इंजनों के अनुरक्षण में स्वावलम्बन हेतु गोरखपुर में पूर्व इलेक्ट्रिक लोको शेड की स्थापना की गयी है। इसी प्रकार यात्री परिवहन में अत्यन्त उपयोगी एवं तेज गति वाली डेमू (डीजल इलेक्ट्रिक मल्टिपल यूनिट) तथा मेमू (मेन लाइन इलेक्ट्रिक मल्टिपल यूनिट) के अनुरक्षण हेतु इज्जतनगर मंडल के कलट्टर बकगंज तथा वाराणसी मंडल के औंड़िहार में डेमू शेड का निर्माण भी विगत कुछ वर्ष पहले किया गया है। इंजनों के अनुरक्षण में ये शेड महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

गत वर्ष नव स्थापित इलेक्ट्रिक लोको शेड गोरखपुर में इलेक्ट्रिक इंजन के अनुरक्षण का कार्य प्रारम्भ हो गया। इस इलेक्ट्रिक लोको शेड की कैपेसिटी 100 इलेक्ट्रिक इंजन की है। आवधिक अनुरक्षण शेड्यूल के अन्तर्गत आई.ए. तथा आई.बी. स्तर पर इलेक्ट्रिक लोको शेड का अनुरक्षण किया जा रहा है। इस शेड में अभी तक 118 इलेक्ट्रिक इंजन का आई.ए. तथा आई.बी. स्तर का अनुरक्षण हो चुका है। इस शेड में इलेक्ट्रिक लोको के अनुरक्षण हेतु 12 टन का हाइड्रा क्रेन बैटरी संचालित लिस्टर तथा ब्रेक डाउन वोल्टेज टेस्टिंग मषीन जैसे उन्नत एवं आधुनिक उपकरण उपलब्ध है। इस इलेक्ट्रिक लोको शेड में सुविधाओं के विस्तार का कार्य प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है।

वर्ष 2019 में वाराणसी मंडल के अन्तर्गत औंड़िहार में स्थापित शेड में 13 डेमू एवं 01 मेमू ट्रेन का अनुरक्षण नियमित रूप से किया जाता है। पिट व्हील लेंथ मषीन कम्प्यूटराइज लोड बाक्स 30 टन क्षमता वाले रिमोट कंट्रोल क्रेन जैसे आधुनिक मषीनों एवं सुविधाओं से युक्त इस शेड में डेमू ट्रेन का अनुरक्षण 26 मई 2019 से तथा मेमू ट्रेन का अनुरक्षण 11 अक्टूबर 2019 से प्रारम्भ हुआ। कोविड-19 के दौरान इस शेड द्वारा अनुरक्षित रेकों को श्रमिक स्पेषल ट्रेनों के रूप में चलाया गया। इस डेमू शेड में लाकडाउन के दौरान अनुरक्षण की कई नई तकनीक भी विकसित की गयी जिनमें शेड में उपलब्ध व्हील टर्निंग मषीन द्वारा एल.एच.बी.कोचों के चक्कों का इन-पोजिषन व्हील टर्निंग का कार्य प्रमुख है। इसके फलस्वरूप अनुरक्षण में लगने वाले समय में कमी आने के साथ ही रेल राजस्व का भी भारी बचत हुई हैं।

वर्ष 2018 में इज्जतनगर मंडल में कलट्टर बकगंज स्थापित में डेमू ट्रेनों के अनुरक्षण का कार्य प्रारम्भ हो गया। इस शेड में 2 डेमू ट्रेनों का नियमित रूप से अनुरक्षण किया जाता है। यहां पर मेमू ट्रेनों के अनुरक्षण हेतु सुविधाएं उपलब्ध कराने की प्रक्रिया चल रही है। इस शेड में 500 केेवी का जनरेटर सेट 35 एवं 25 टन के जैक रेडियल ड्रिलिंग मषीन उच्च क्षमता वाले कंप्रेसर सहित आधुनिक मषीनें उपलब्ध है। इस शेड में डेमू इंजन के रेडिएटर को बदलने तथा एयर स्प्रिंग को बिना ट्राली के निकालने जैसे अनेक कार्य पहली बार रिकार्ड समय में पूरे किए गए है। इस शेड ने डेमू ट्रेनों की खिड़कियों को अपने संसाधनों से बदलकर रू. 05 लाख से अधिक रेल राजस्व की बचत सुनिष्चित की हैं। इस शेड में भविष्य में 40 के.एल.वाले रेलवे डीजल इंस्टाॅलेशन (आर.डी.आई.) तथा आटोमैटिक कोच वाषिंग प्लान्ट जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना है।

स्पष्ट है कि इन तीनों शेडों में अपनी स्थापना के डेढ़ से दो वर्षों में ही उत्कृष्ट कार्य क्षमता का प्रदर्षन किया है तथा आने वाले दिनों में इनकी भूमिका का महत्व बढ़ता ही जाएगा।